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कैमरे के सामने एक बुजुर्ग महिला (संजीत की माँ) चेहरे पर उम्र की लकीरें, लेकिन आंखों में आज भी उम्मीद। वहीं दूसरी ओर संजीत (ASO), जो अपने भविष्य और अपने अधिकारों को लेकर सवाल खड़े कर रहा है।
मैं आप लोगों से पूछना चाहता हूँ, क्या एक लड़का जिसके सिर से पिता का साया तक नहीं है। अपने परिवार को 10 वर्ष के उम्र से पाल रहा है, उसपर 35-40 लाख दे कर नौकरी पाना कितना सही कितना गलत।
अपनी राय कमेंट के जरिए साझा करें।
#exposejharkhandcoachingmafia
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सचनामा retweeted
आज पता चला कि राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग भी है, पता नहीं ओडिशा, छत्तीसगढ़, मणिपुर, अरुणाचल प्रदेश , पश्चिम बंगाल और असम में ये आयोग कहां रहता है?
निशा भगत की मौत पर राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग ने लिया संज्ञान lagatar.in/national-commissi…
#Jharkhand #NCST #NishaBhagat
अरे नमूना
पहले जजमेंट अच्छे से पढ़ ले बकलोल।
दोषी को सजा मिल रही है और निर्दोष चयनित छात्रों को न्याय।
लेकिन तुमलोगों को रद्द से मतलब है क्योंकि चाहिए दूसरा मौका।
बात सिर्फ CGL परीक्षा की नहीं है। आने वाले समय में JSSC CGL के साथ-साथ कई अन्य सरकारी भर्तियाँ भी होंगी। लेकिन अगर इस परीक्षा में हुई कथित धांधली को यूँ ही नजरअंदाज कर दिया गया और पेपर सेट करने वालों तथा इसमें शामिल दोषियों को कड़ी सजा नहीं मिली, तो यह गलत लोगों के हौसले और बढ़ाएगा।
इसका परिणाम यह होगा कि भविष्य में होने वाली परीक्षाओं में धांधली और भी बड़े स्तर पर, बेखौफ होकर की जाएगी।
इसलिए यह लड़ाई सिर्फ एक परीक्षा या कुछ अभ्यर्थियों के भविष्य की नहीं है, बल्कि पूरी भर्ती व्यवस्था की पारदर्शिता, ईमानदारी और विश्वसनीयता बचाने की लड़ाई है।
आज अगर दोषियों पर सख्त कार्रवाई नहीं हुई, तो कल हर परीक्षा की निष्पक्षता पर सवाल खड़ा होगा। इसलिए निष्पक्ष जाँच हो और दोषियों को ऐसी सजा मिले, जो भविष्य में इस तरह की धांधली करने वालों के लिए कड़ी चेतावनी बने।
@HemantSorenJMM @JmmJharkhand @yourBabulal @RahulGandhi @BJP4Jharkhand @jhar_governor @IYCJharkhand @AmbaPrasadINC @JMMKalpanaSoren
सचनामा retweeted
#Jharkhand #JSSC #JSSCCGL #CGL
The Jharkhand High Court today has quashed the State government’s decision to cancel the Jharkhand Staff Selection Commission Combined Graduate Level (JSSC-CGL) exam.
A single-Judge bench of Justice Deepak Roshan, set aside the State government’s decision to cancel the appointments made under the JSSC-CGL examination.
The court has also ordered the reinstatement of the candidates selected under advertisement number 10/2023, directing that their service be treated as continuous, without any interruption.
सचनामा retweeted
खेल भावना रखना सीखो, @JPSCreformanch !
बच्चों की तरह हारने पर लूडो बोर्ड और गोटियाँ फेंकने मत लगो।
सरकार तुम लोगों के चक्कर में कुल 22 परीक्षाएँ रद्द कर चुकी है।
1-2 नहीं, पूरे 22! मजाक समझ रखे हो सिस्टम को?
भीड़ के दबाव में हो सकता है लोकतांत्रिक सरकार झुक जाए, लेकिन संविधान और कानून से चलने वाली अदालत नहीं!
याद है न, वही सुप्रीम कोर्ट, जिसके आदेश से यह भरोसा मिला था कि कार्रवाई सिर्फ दोषियों पर होगी? फिर भी सरकार पर दबाव बनाकर उस भरोसे के उलट फैसला करवा लिया गया।
लेकिन यह वोटों के दबाव में चलने वाली सरकार नहीं, संविधान और कानून से चलने वाली अदालत है। अपनी मर्यादा बनाकर रखो!
जस्टिस दीपक रोशन के खिलाफ ऐसी भद्दी टिप्पणियाँ करते हुए शर्म आनी चाहिए।
फैसला अपने पक्ष में आए तो न्यायपालिका महान, और खिलाफ आए तो न्यायाधीश पर ही टिप्पणी? यह कैसी सुधार की लड़ाई है जी?
सुधार की लड़ाई लड़िए, न्यायपालिका को अपनी मर्जी से चलाने की जिद मत पालिए!
@barandbench @JharkhandCMO @HemantSorenJMM @barcouncilindia @yourBabulal @dasraghubar @Tigerjairam
#JSSCCGL #JPSC #JHARKHAND
सचनामा retweeted
प्रिय रद्द मंच,
नाखून-बाल बढ़ जाएँ तो उनको कटवाते हैं, शरीर नहीं। घाव हो जाए तो इलाज करवाते हैं। पैर में ट्यूमर हो तो ट्यूमर निकलवाएँगे, पूरा पैर थोड़े न कटवा दीजिएगा जी!
लेकिन यहाँ तो कुछ परीक्षाओं में गड़बड़ी का ट्यूमर हटाने के चक्कर में 22 परीक्षाएँ रद्द करवाने का श्रेय ले लिया। ऊपर से पूरे राँची में झाँकी भी निकलवा दी!
कभी सोचे भी कि 22 अलग-अलग परीक्षाओं में एक जैसी गड़बड़ी कैसे हो सकती है? 22 का आँकड़ा तो अपने आप में ही हास्यास्पद है! एक-दो नहीं, पूरे 22! भला इतनी अलग-अलग परीक्षाओं को एक ही नजर से देखने का हुनर कहाँ से आया?
जाँच अलग, तथ्य अलग, अभ्यर्थी अलग, लेकिन इलाज सबका एक ही—रद्द कर दो!
और रही बात चयनित लोगों की, तो एक बात समझ लीजिए। जो नियुक्त होकर सेवा में आ चुके हैं, वे अब केवल अभ्यर्थी नहीं, सरकारी सेवक हैं। उनकी सेवा संविधान के अनुच्छेद 309 के तहत बने नियमों, झारखंड सेवा संहिता एवं अन्य लागू सेवा नियमों से संचालित होती है। जहाँ लागू हो, अनुच्छेद 311 का संवैधानिक संरक्षण भी मिलता है।
अब अगर निर्दोष रहने के बावजूद इन नियमों का कोई संरक्षण ही नहीं मिलेगा, तो इन्हें बनाया किसलिए गया है? किताबों की शोभा बढ़ाने के लिए?
आप भी तो सरकारी नौकरी की तैयारी इसी भरोसे पर कर रहे हैं न कि सही तरीके से चयन होने के बाद कम से कम प्राइवेट सेक्टर की तरह जिंदगी भर नौकरी की असुरक्षा नहीं झेलनी पड़ेगी!
JSSC-CGL के चयनितों को भी सुप्रीम कोर्ट से मिली राहत के बाद यही भरोसा था कि कार्रवाई दोषियों पर होगी। इसी भरोसे पर 600 से ज्यादा लोग अपनी पुरानी नौकरी छोड़कर आए।
अगर मालूम होता कि सुप्रीम कोर्ट के आदेश का भी ऐसा हाल होगा, तो भला अपनी अच्छी-खासी नौकरी छोड़कर क्यों आते? जहाँ थे, वहीं रहते!
आखिर न्यायालय के आदेश पर भरोसा करना भी अब गलती मानी जाएगी क्या?
रही बात अखबारों की, तो आप भी देखे ही होंगे कि कैसे 14वीं JPSC, ACF और FRO के तथ्यों की खिचड़ी पकाकर उसमें FSO, CDPO, 11वीं–13वीं JPSC और सिविल जज जैसी परीक्षाओं को भी मिला दिया जाता है।
अरे भाई, अलग-अलग परीक्षाओं के तथ्य मिलाने से सबका दोष एक जैसा थोड़े न हो जाएगा!
दोषियों को पकड़िए, सजा दिलवाइए। लेकिन उनके चक्कर में निर्दोषों की नौकरी और भविष्य क्यों बर्बाद कर रहे हैं?
और हाँ, 22 परीक्षाएँ रद्द करवाना कोई उपलब्धि नहीं है। असली उपलब्धि तो तब होती, जब 22 परीक्षाओं में से एक भी निर्दोष का भविष्य बर्बाद किए बिना दोषियों को सजा दिलवा पाते।
और रही बात आपके इस सवाल की कि दूसरी तरफ के वास्तविक और मेहनती अभ्यर्थियों को क्या मिला?
तो इसका जवाब भी है जी!
जिनकी नियुक्ति गड़बड़ी के कारण कानूनन रद्द होगी, उनकी रिक्त सीटों को नियमानुसार अगली बहाली में जोड़ा जाए। भर्ती प्रक्रिया में सुधार हो, परीक्षाएँ समय पर हों, परिणाम समय पर आएँ और नियुक्तियाँ भी समय पर मिलें।
नए अभ्यर्थियों को अवसर देने के लिए पुराने निर्दोष चयनितों की नौकरी छीनना कौन-सा न्याय है?
आप लड़िए समय पर परीक्षा के लिए, पारदर्शी नियुक्ति के लिए, दोषियों को सजा दिलाने के लिए। लेकिन हर आरोप का एक ही इलाज—पूरी परीक्षा रद्द—यह कैसी समझदारी है?
#JSSCCGL #JPSC #JHARKHAND
@JPSCreformanch @kunalpratap86 @ExamsFighters @SACHNAMA_ @pravinm53747916
सचनामा retweeted
Replying to @kunalpratap86 @ExamsFighters @JPSCreformanch @HemantSorenJMM @amarbauri @yourBabulal @MrityunjayS7
शुरुआत से स्पष्ट था कि परीक्षा रद्द करना कोई समाधान नहीं है। जिन्होंने गलत किया है, कठोर कार्रवाई होनी चाहिए... निर्दोष सेवारत अभ्यर्थियों किसी दूसरे की गलती की सजा उन बेचारों को देना गलत था..हकीकत यह है हमारी नई वैकेंसी आए या नहीं, इससे आप लोगों को कोई मतलब नहीं है.
सचनामा retweeted
JSSC-CGL फैसले के बाद अधिवक्ता अमृतांश वत्स बोले- दोषी होंगे बाहर, निर्दोष की नौकरी रहेगी बरकरार
सचनामा retweeted
इन नेताओं का असली चेहरा देखिए👇 @f
सचनामा retweeted
प्रिय लोटा जी, ❤️
दीपावली पर आपको ढेर सारा प्रेम भेज रही हूँ। 😘
आप तो बड़े पक्के नेता आदमी निकले जी! पहले से ही अस्पताल में अपनी सीट बुक करवा के रखे थे। लगता है राजनीति के साथ-साथ दूरदर्शिता में भी महारत हासिल है आपको!
खैर, दिल से दुआ है कि आपके पैर से ट्यूमर का भी जल्द ही Segregation हो जाए।
जैसे उम्मीद है कि JSSC CGL में गलत लोग अलग होंगे और दोनों पक्षों को न्याय मिलेगा, ठीक वैसे ही आपके पैर से भी सारी तकलीफ अलग हो जाए।
अपना ख्याल रखिएगा...❤️
आपकी गुत्थी !!
सचनामा retweeted
कभी समय निकालकर सफल छात्रों के संघर्ष पर भी बात कीजिए, जो बमुश्किल हालत में परीक्षा पास करके सेवाएं दे रहे है जिसमें 600-700 दूसरे सेवा से आए है
600+ हमारे आदिवासी भाई बहन भी है
96% झारखण्डी है
आपको भी बधाई💐
सत्यमेव जयते 🇮🇳
जय झारखण्ड✌🏻
@harisharandevgn @gutthi_org @SACHNAMA_
झारखंड के छात्रों के हाथ फिर लगी निराशा!
JSSC-CGL मामले में आज झारखंड हाईकोर्ट ने हेमंत सोरेन सरकार के 18 अगस्त के उस आदेश को निरस्त कर दिया, जिसके तहत पूरी भर्ती और नियुक्तियां रद्द कर दी गई थीं।
सरकार ने भ्रष्टाचार की बात तो मानी, लेकिन हाईकोर्ट के सामने पूरी भर्ती रद्द करने के लिए ठोस और स्पष्ट सबूत पेश नहीं कर पाई। जांच भी अब तक पूरी नहीं हुई। आखिर इतने लंबे समय तक CID जांच अधूरी क्यों रखी गई?
मेरे विचार में सरकार ने दोहरा खेल खेला। छात्रों के आंदोलन के दबाव में भर्ती रद्द करने का फैसला लिया, भ्रष्टाचार की बात कहकर उन्हें भरोसा दिलाया, लेकिन न जांच पूरी की और न ही अपने आरोपों को साबित करने के लिए ठोस सबूत सामने रखे। क्या यह आंदोलनकारी छात्रों को गुमराह कर उनके आंदोलन को कमजोर करने की कोशिश नहीं थी?
JSSC-CGL का आज का घटनाक्रम बताता है कि झारखंड में भर्ती से जुड़े मामलों को राजनीतिक फैसलों से नहीं, निष्पक्ष जांच और न्यायिक प्रक्रिया से सुलझाना होगा।
झारखंड के आंदोलनकारी युवाओं की लड़ाई अभी खत्म नहीं हुई है। अब उम्मीद सुप्रीम कोर्ट से है।
#JharkhandHighCourt #jpsc #jssc #jharkhand
सचनामा retweeted
JPSC रिफॉर्म मंच के नेताओं पर महिला उत्पीड़न का आरोप लगा था उसपर न्याय कब होगा?
न्याय का संविधान लागू हो
@HemantSorenJMM @JmmJharkhand @JharkhandCMO @BJP4Jharkhand @jhar_governor @IYCJharkhand @JMMKalpanaSoren @The_FollowUp @aajtak @news11bharat @DevendraNathMa9
सचनामा retweeted
सियापति रामचंद्र की जय! 🙏🚩
चाकी-चाकी सब कहें, और कीली कहे न कोए।
जो कीली से लाग रहे, बाँका बाल न बीका होए॥
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वर्तमान संदर्भ में—
चाकी के दो पाट — एक भीड़, दूसरा अफ़वाह।
कीली — कानूनी दाँवपेच , ठोस साक्ष्य और सही दलीलें।
#JSSCCGL #JPSC #JHARKHAND
सचनामा retweeted
असुर कुल में जन्म लेकर भी प्रह्लाद धर्म की मिसाल बने। एक ही छत के नीचे धर्म-अधर्म दोनों हो सकते हैं, पर नारायण ने हर युग में सिद्ध किया है कि विजय सदैव सत्य की ही होती है। 🙏🚩
#धर्मो_रक्षति_रक्षितः
सचनामा retweeted
फलों से लदा पेड़ हमेशा झुका हुआ रहता है..!
बस इतना ही कहूंगा कि विनम्र बने रहिए और इस कठिन समय में साथ देने वाले सभी साथियों और अपने परिवार के लोगों के साथ दीपावली की खुशियां मनाइए ❤️❤️
शुभ दीपावली!
#जेएससीए_सीजीएल
सचनामा retweeted
#Lota men मिलाकर देख लेते हैं, पास हुआ तो ठीक… नहीं तो रद्द मतलब रद्द, भावनाओं का नहीं, सीधे रिजल्ट का खेल है! 😂😏
#raddigang
@gutthi_org @WarriorSahab @SACHNAMA_
सचनामा retweeted
लोटा को छोटा मत समझो मित्रों, इनकी पहुँच बहुत ऊपर तक है!
ये चाहें तो राज्यपाल और राष्ट्रपति तक पहुँचकर JSSC की भर्तियाँ केंद्रीय SSC से और JPSC की भर्तियाँ UPSC से कराने की माँग भी रख सकते हैं!
इनकी पहुँच तो उन महामहिम तक भी बताई जाती है, जो हाल ही में ओडिशा गए और जाने से कह बैठे—
“अपने संगठन को एक्टिव करके और बीजेपी के पक्ष में वोट कैसे आए, इस पर चिंता करेंगे।”
लगता है मित्रों, इनकी चिंता भी भर्ती सुधार से ज्यादा वोट बटोरने की ही है!
क्योंकि अगर व्यवस्था में स्थायी सुधार हो गया, तो रद्द-रद्द के नारे, धरना-प्रदर्शन और नेतागिरी का क्या होगा?
आखिर समस्या ही खत्म हो गई तो राजनीति की दुकान कैसे चलेगी, मित्रों?
#SSC #UPSC #JSSCCGL #JPSC #Jharkhand
सचनामा retweeted
देश में विपक्ष का सबसे बड़ा चेहरा बनें आदिवासी मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन, राहुल गांधी के साथ पहली पंक्ति में बैठकर किया प्रतीकात्मक सदन का नेतृत्व
@HemantSorenJMM
📢 JTET परीक्षा में शामिल हो रहे सभी अभ्यर्थियों को हार्दिक शुभकामनाएँ! 💐
वैसे सुनने में आ रहा है कि रद्द मंच @JPSCreformanch के प्रवक्ता नंबर-1 ने भी JTET का फॉर्म भरा है, लेकिन फेल होने के डर से परीक्षा में शामिल ही नहीं हो रहा है! 🤔😂
अरे भाई, चले जाओ परीक्षा देने...
सिर्फ पास ही तो होना है, कौन-सा टॉपर बनना है! 🤣
बाकी अभ्यर्थियों को एक बार फिर शुभकामनाएँ। 💐
#JTET #EXAM
#JSSC
#jharkhand





















